A2Z सभी खबर सभी जिले की

यह आयोजन केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि नारी सम्मान, सांस्कृतिक गौरव और सामाजिक एकता का जीवंत उत्सव बनकर बलौदा बाजार के इतिहास में एक नई मिसाल कायम कर गया।

“नारी शक्ति का उत्सव” : बलौदा बाजार में पहली बार सजा भव्य आयोजन, प्रतिभाओं और संवेदनाओं का अद्भुत संगम


बलौदा बाजार। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2026 के पावन अवसर पर नया सवेरा जन कल्याण समिति, छत्तीसगढ़ (प्रधान कार्यालय बलौदा बाजार) के तत्वावधान में नगर के ऑडिटोरियम में एक ऐसा भव्य और ऐतिहासिक आयोजन हुआ, जिसने नारी सशक्तिकरण की परिभाषा को जीवंत कर दिया। यह आयोजन न केवल अपने भव्य स्वरूप के लिए यादगार बना, बल्कि इसमें झलकती भावनाओं, संस्कारों और सामाजिक एकता ने हर किसी के हृदय को छू लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थापक अध्यक्ष श्रीमती लता अजय साहू के मार्गदर्शन में मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री श्री टंकराम वर्मा एवं विशिष्ट अतिथि नगर पालिका अध्यक्ष श्री अशोक जैन की गरिमामयी उपस्थिति में हुआ। प्रारंभ में गणेश वंदना के साथ प्रस्तुत किए गए मनमोहक भरतनाट्यम नृत्य ने वातावरण को भक्तिमय और सौंदर्यपूर्ण बना दिया। इसके पश्चात अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन कर छत्तीसगढ़ राज्य गीत के साथ कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत की गई।
इस भव्य आयोजन में रायपुर, भिलाई, भाटापारा, बिलासपुर और कसडोल सहित विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रतिभागियों और समाज के हर वर्ग की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखने को मिली। जैन, सोनी, गुजराती, यादव, साहू, गुप्ता, केशवानी, ठाकुर, ध्रुव, सिंधी, सिख और बंगाली समाज सहित सभी समुदायों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को “एकता में विविधता” का सजीव उदाहरण बना दिया।
कार्यक्रम की रंगारंग प्रस्तुतियों ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। बच्चों से लेकर बड़ों तक ने रैंप वॉक, भरतनाट्यम, गीत-संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का अद्भुत प्रदर्शन किया। डी.के. महाविद्यालय के एन.सी.सी कैडेट्स द्वारा प्रस्तुत नाट्य ने सामाजिक संदेशों को प्रभावी ढंग से मंच पर उतारा, वहीं जीवन सुर-तल भजन मंडली की पंडवानी प्रस्तुति ने छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति को जीवंत कर दिया।
कार्यक्रम का सबसे भावुक और प्रेरणादायक क्षण तब आया जब एक गर्भवती महिला दीपांशी तुकेश यादव ने आत्मविश्वास के साथ रैंप वॉक कर समाज को यह संदेश दिया कि नारी हर परिस्थिति में सशक्त और अडिग है। यह दृश्य पूरे कार्यक्रम का आकर्षण बन गया और उपस्थित जनसमूह ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका उत्साहवर्धन किया।
मंच संचालन की जिम्मेदारी रुक्मणी यादव, यशस्वी साहू एवं हुसैफ ने बखूबी निभाई, जिन्होंने अपने प्रभावी संवादों से पूरे कार्यक्रम को जीवंत बनाए रखा।
इस सफल आयोजन के पीछे समिति के समर्पित सदस्यों—श्री लालन प्रसाद गुप्ता, श्री गंगा प्रसाद गुप्ता, श्री कमलेश साहू, श्री परमेश्वर साहू, श्री विष्णु कृपाराम साहू, श्री राजेंद्र साहू, श्रीमती सोमा भट्टर, श्रीमती सविता यदु, श्रीमती प्रीति साहू, पायल भट्टर, श्रीमती पूर्णिमा साहू, श्रीमती रितु दत्त, श्रीमती सीमा साहू, रेना, राधा, जैस्मिन, श्री नूतन सेन, श्री ललित साहू, श्री राजतुकेश यादव, श्री शिवम साहू, श्री अजय साहू, श्री मुकेश साहू सहित सभी प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष सहयोगियों का अतुलनीय योगदान रहा।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर अतिथियों द्वारा सभी प्रतिभागियों को मेडल, शैश एवं शॉल भेंट कर सम्मानित किया गया। समिति द्वारा छत्तीसगढ़ की पारंपरिक पहचान—ठुमरी टोपी एवं पुतरी हार (सिक्कों की माला) अध्यक्ष लता अजय साहू को भेंट किया गया, जो पूरे आयोजन का एक अत्यंत भावुक पल बन गया।
इसके साथ ही समिति ने सामाजिक सरोकार का परिचय देते हुए भीषण गर्मी को ध्यान में रखते हुए चिड़ियों के लिए पानी के पात्र एवं दाना वितरण कर पर्यावरण और जीव-जंतुओं के प्रति अपनी संवेदनशीलता भी प्रदर्शित की।
अंत में समिति की अध्यक्ष लता अजय साहू एवं सभी सदस्यों ने अतिथियों, प्रतिभागियों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया।

Back to top button
error: Content is protected !!